प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए पिछले 24 घंटों की सबसे महत्वपूर्ण समसामयिक घटनाओं का विस्तृत विवरण निम्नलिखित है:
1. अंतर्राष्ट्रीय संबंध: भारत-इजरायल रणनीतिक साझेदारी
हालिया विश्लेषणों और उच्च स्तरीय वार्ताओं के अनुसार, भारत और इजरायल के बीच संबंध अब केवल 'रणनीतिक जुड़ाव' तक सीमित नहीं रहकर एक 'संरचनात्मक साझेदारी' (Structural Partnership) में बदल गए हैं।
- मुख्य बिंदु: दोनों देशों के बीच रक्षा, प्रौद्योगिकी और नवाचार के साथ-साथ अब कृषि और जल प्रबंधन में भी दीर्घकालिक बुनियादी ढांचागत सहयोग पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।
- यूपीआई (UPI) का विस्तार: भारत के यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) को इजरायल में भी स्वीकार्यता मिलने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है, जो डिजिटल अर्थव्यवस्था में दोनों देशों के बढ़ते एकीकरण को दर्शाता है।
2. अर्थव्यवस्था: पारस्परिक व्यापार समझौते (RTAs) और भारत
27-28 फरवरी 2026 के दौरान वैश्विक व्यापार चर्चाओं में पारस्परिक व्यापार समझौते (Reciprocal Trade Agreements) केंद्र में रहे हैं।
- महत्व: भारत विश्व व्यापार संगठन (WTO) के नियमों के दायरे में रहते हुए विभिन्न देशों के साथ द्विपक्षीय व्यापार को सुगम बनाने के लिए नए RTAs पर काम कर रहा है।
- लक्ष्य: इन समझौतों का प्राथमिक उद्देश्य भारतीय निर्यातकों के लिए विदेशी बाजारों में बेहतर पहुंच सुनिश्चित करना और आयात शुल्क को युक्तिसंगत बनाना है।
3. द्विपक्षीय सहयोग: भारत-ब्राजील संबंधों का विस्तार
भारत और ब्राजील ने अपने कूटनीतिक संबंधों को और मजबूत करने के लिए नई कार्ययोजना पर सहमति व्यक्त की है।
- सहयोग के क्षेत्र: जैव ईंधन (Biofuels), अंतरिक्ष अनुसंधान और सतत विकास के क्षेत्रों में दोनों देशों ने आपसी सहयोग बढ़ाने का निर्णय लिया है।
- G20 और ब्रिक्स (BRICS): दोनों देशों ने बहुपक्षीय मंचों पर विकासशील देशों (Global South) की आवाज को बुलंद करने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।
4. विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी: डिजिटल गवर्नेंस
भारत सरकार ने अपनी डिजिटल इंडिया पहल के तहत प्रशासनिक कार्यों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए नए दिशानिर्देश जारी किए हैं। इसका उद्देश्य सरकारी सेवाओं की दक्षता बढ़ाना और पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।
परीक्षा के लिए विशेष टिप: छात्रों को 'भारत-इजरायल संबंध' और 'विश्व व्यापार संगठन (WTO) के व्यापार समझौतों' के ऐतिहासिक संदर्भ और वर्तमान डेटा को विशेष रूप से नोट करना चाहिए, क्योंकि ये मुख्य परीक्षा (Mains) के उत्तर लेखन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।